डेली कर्रेंट अफेयर्स
संजय मल्होत्रा ने RBI के 26वें गवर्नर के रूप में पदभार ग्रहण किया
- संजय मल्होत्रा को भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) का 26वाँ गवर्नर नियुक्त किया गया है. उन्होंने 11 दिसंबर 2024 को पदभार ग्रहण किया.
- उन्होंने शक्तिकांत दास की जगह ली है. वह राजस्थान कैडर के 1990 बैच के एक प्रमुख भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) अधिकारी हैं.
- आरबीआई गवर्नर नियुक्त होने से पहले संजय मल्होत्रा वित्त मंत्रालय में सचिव (राजस्व) के रूप में कार्यरत रहे.
- मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने संजय मल्होत्रा को गवर्नर के रूप में नियुक्त करने को मंजूरी दी थी. उनका कार्यकाल तीन वर्षों का होगा.
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI): एक दृष्टि
- भारतीय रिजर्व बैंक (Reserve Bank of India) भारत का केन्द्रीय बैंक है. यह भारत के सभी बैंकों का संचालक है.
- RBI की स्थापना 1 अप्रैल 1935 को RBI ऐक्ट 1934 के अनुसार हुई. प्रारम्भ में इसका केन्द्रीय कार्यालय कोलकाता में था जो सन 1937 में मुम्बई आ गया.
- पहले यह एक निजी बैंक था किन्तु सन 1949 से यह भारत सरकार का उपक्रम बन गया है.
- भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) को भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 के तहत अनिवार्य रूप से मौद्रिक नीति के संचालन की जिम्मेदारी सौपीं गई है.
पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का निधन
- भारत के पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह का 26 दिसम्बर को नई दिल्ली में 92 वर्ष की आयु में निधन हो गया.
- उन्होंने 2004 से 2014 तक भारत के 13वें प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया. प्रधानमंत्री नरसिम्हा राव के मंत्रिमंडल में (वर्ष 1991 से 1996 तक) वित्त मंत्री भी थे.
- उन्होंने मुख्य आर्थिक सलाहकार, आरबीआई गवर्नर, वित्त सचिव और योजना आयोग के उपाध्यक्ष सहित प्रमुख आर्थिक पदों पर कार्य किया था.
- डॉ. मनमोहन सिंह 33 साल तक सेवा देने के बाद इस साल अप्रैल में राज्यसभा से सेवानिवृत्त हुए थे.
- वर्ष 1991 में प्रधानमंत्री पीवी नरसिम्हा राव के नेतृत्व वाली सरकार में वित्त मंत्री के रूप में डॉ. मनमोहन सिंह भारत के आर्थिक उदारीकरण के प्रमुख प्रणेता माने जाते हैं.
- डॉ. सिंह का जन्म 26 सितंबर 1932 को अविभाजित भारत के पंजाब प्रांत के गाह गांव में हुआ था.
बैंकों की वित्तीय स्थिति पर भारतीय रिजर्व बैंक की रिपोर्ट
- भारतीय रिजर्व बैंक ने भारत के बैंकों की वित्तीय स्थिति पर 26 दिसम्बर को एक रिपोर्ट जारी की थी.
- रिपोर्ट के अनुसार भारत के बैंकों की वित्तीय स्थिति मजबूत बनी हुई है और यह बैंकों के ऋण और जमा में लगातार वृद्धि से भी उजागर होती है.
- रिजर्व बैंक के अनुसार बैंकों की पूंजी स्थिति संतोषजनक है. भारत के बैंकों का लाभ लगातार छठे वर्ष 2023-24 में भी बढ़ा है.
- बैंकों की गैर-निष्पादित परिसंपत्तियां (एनपीए) घटकर 13 वर्ष के निचले स्तर 2.7 प्रतिशत पर आ गईं हैं.
- बैंकों की परिसंपत्ति गुणवत्ता में सुधार हुआ. बैंकों की सकल गैर-निष्पादित परिसंपत्तियां (जीएनपीए) का अनुपात मार्च 2024 के अंत में 13 वर्षों में सबसे कम 2.7 प्रतिशत और सितंबर 2024 के अंत में 2.5 प्रतिशत पर आ गया.
वित्तीय क्षेत्र में AI के नैतिक इस्तेमाल के लिए आठ-सदस्यीय समिति का गठन
- भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने वित्तीय क्षेत्र में AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) के जिम्मेदार एवं नैतिक इस्तेमाल के लिए आठ-सदस्यीय समिति का गठन किया है.
- इस समिति के अध्यक्ष IIT मुंबई में कंप्यूटर विज्ञान और इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर पुष्पक भट्टाचार्य हैं.
- यह समिति वैश्विक और घरेलू स्तर पर वित्तीय सेवाओं में AI की स्वीकार्यता के वर्तमान स्तर का आकलन करेगी.
- यह बैंकों, गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (NBFC), वित्तीय-प्रौद्योगिकी फर्मों के लिए AI से जुड़े जोखिमों के मूल्यांकन, निपटान, निगरानी ढांचे एवं अनुपालन बिंदुओं की सिफारिश करेगी.
AI (आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस): एक दृष्टि
आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस (AI) यानी कृत्रिम बुद्धिमत्ता, कंप्यूटर विज्ञान की एक ऐसी तकनीक है जिसमें मशीनें मानव जैसी तर्कशक्ति और स्वायत्त निर्णय लेने की क्षमता हासिल करती हैं.
अमेरिका ने बाल्ड ईगल को राष्ट्रीय पक्षी घोषित किया
- संयुक्त राज्य अमेरिका ने बाल्ड ईगल को आधिकारिक रूप से राष्ट्रीय पक्षी घोषित किया है. राष्ट्रपति जो बाइडन ने इससे संबंधित एक ऐतिहासिक विधेयक पर हस्ताक्षर 24 दिसम्बर को किए थे.
- बाल्ड ईगल लगभग 250 वर्षों से अमेरिका का एक स्थायी प्रतीक रहा है, लेकिन इसे इस कानून के तहत राष्ट्रीय पक्षी के रूप में औपचारिक रूप से पहचान प्राप्त नहीं हुई थी.
- बाल्ड ईगल संयुक्त राज्य अमेरिका की मुहर पर पहले से मौजूद है. इसका उपयोग आधिकारिक दस्तावेजों में वर्ष 1782 से किया जाता रहा है.
- बाल्ड ईगल एक बड़ा शिकारी पक्षी है. अमेरिका में इसको शक्ति,स्वतंत्रता और देशभक्ति का प्रतीक माना जाता है.
- आवास: बाल्ड ईगल उत्तरी अमेरिका में पाए जाते हैं और वे झीलों, नदियों और समुद्र के किनारे के क्षेत्रों में घोंसले बनाते हैं.
- संरक्षण: 1960 के दशक में कीटनाशकों के अत्यधिक उपयोग के कारण बाल्ड ईगल की संख्या में काफी कमी आई थी. लेकिन संरक्षण के प्रयासों के कारण अब इनकी संख्या में वृद्धि हुई है.
प्रधानमंत्री ने खजुराहो में केन-बेतवा नदी जोड़ो परियोजना की आधारशिला रखी
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 दिसंबर 2024 को मध्य प्रदेश के खजुराहो में केन-बेतवा नदी जोड़ो परियोजना (KBLP) की आधारशिला रखी.
- केन-बेतवा नदी जोड़ो परियोजना (KBLP) भारत की राष्ट्रीय नदी जोड़ो नीति के तहत पहली नदी जोड़ो परियोजना है.
- इस परियोजना के अंतर्गत केन नदी से पानी को बेतवा नदी में स्थानांतरित किया जाना है. केन एवं बेतवा यमुना की सहायक नदियाँ हैं.
- KBLP केंद्र सरकार, मध्य प्रदेश एवं उत्तर प्रदेश सरकारों के बीच एक त्रिपक्षीय पहल है. इस परियोजना की अनुमानित लागत 44,605 करोड़ रुपए है जिसकी समय सीमा लगभग 8 वर्ष है.
- यह परियोजना दिवंगत पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के दृष्टिकोण के अनुरूप है जिन्होंने भारत की जल कमी की समस्या के समाधान के रूप में नदी-जोड़ने की वकालत की थी.
- परियोजना के अंतर्गत पन्ना टाइगर रिजर्व में केन नदी पर दौधन बांध का निर्माण किया जाएगा, जो 77 मीटर ऊंचा और 2.13 किलोमीटर लंबा होगा.
KBLP के मुख्य विशेषता
- 221 किलोमीटर लंबी लिंक नहर दौधन बांध को बेतवा नदी से जोड़ेगी, जिससे सिंचाई और पेयजल प्रयोजनों के लिए अधिशेष जल का स्थानांतरण सुगम हो जाएगा.
- इस परियोजना से मध्य प्रदेश के पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, सागर, रायसेन, विदिशा, शिवपुरी एवं दतिया सहित 10 जिलों में 8.11 लाख हेक्टेयर भूमि की सिंचाई होगी.
- इस परियोजना से उत्तर प्रदेश के 2.51 लाख हेक्टेयर भूमि की सिंचाई भी होगी, जिससे महोबा, झांसी, ललितपुर एवं बांदा जिलों में पानी की उपलब्धता में सुधार और बाढ़ की समस्या को दूर करने में मदद करेगी.
- यह परियोजना प्रभावित क्षेत्रों के समुदायों को विश्वसनीय पेयजल उपलब्ध कराएगी, जिससे बुंदेलखंड क्षेत्र में पानी की कमी की पुरानी समस्या दूर होगी.
- औद्योगिक उपयोग के लिए भी पर्याप्त जल उपलब्ध होगा, जो क्षेत्र में आर्थिक विकास के लिए महत्वपूर्ण है.
- इस परियोजना में 103 मेगावाट जल विद्युत एवं 27 मेगावाट सौर ऊर्जा का उत्पादन भी शामिल है, जिससे नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता में योगदान मिलेगा.
पर्यावरणीय एवं सामाजिक चिंताएँ
- दौधन बांध पन्ना टाइगर रिजर्व के मुख्य भाग में स्थित है और इसके निर्माण से रिजर्व का लगभग 98 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र जलमग्न हो जाएगा.
- दौधन बांध के निर्माण से केन घड़ियाल अभयारण्य में घड़ियाल जैसी प्रजातियों और नीचे की ओर गिद्धों के घोंसले के स्थलों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है.
- इस परियोजना में लगभग 2-3 मिलियन वृक्षों की कटाई होगी, जो सबसे विवादास्पद पहलुओं में से एक है.
देश-दुनिया: एक संक्षिप्त दृष्टि
सामयिक घटनाचक्र का डेलीडोज
प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने 26 दिसम्बर को नई दिल्ली में 17 प्रतिभाशाली बच्चों को उनकी असाधारण उपलब्धियों के लिए सात वर्गों में प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कारों से सम्मानित किया. इन बच्चों को कला और संस्कृति, बहादुरी, नवाचार, विज्ञान और प्रौद्योगिकी, समाज सेवा, खेल और पर्यावरण के क्षेत्र में शानदार योगदान के लिए पुरस्कार प्रदान किए गए.
विदेश मंत्री अमरीका की छह दिवसीय यात्रा पर
विदेश मंत्री डॉक्टर सुब्रह्मण्य जयशंकर 24 दिसम्बर से अमरीका की छह दिवसीय यात्रा पर हैं. उन्होंने वाशिंगटन डी.सी. में अमरीका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जेक सुलिवन से मुलाकात की. दोनों नेताओं ने भारत-अमरीकी रणनीतिक साझेदारी तथा हालिया क्षेत्रीय और वैश्विक घटनाक्रम पर विचार-विमर्श किया.
देश में 2023-24 में अब तक का सबसे अधिक कोयला उत्पादन
देश में 2023-24 में अब तक का सबसे अधिक कोयला उत्पादन हुआ है. वर्ष 2023-24 में कोयला उत्पादन वर्ष 2022-23 में 893.191 मिलियन टन की तुलना में 997.826 मिलियन टन हुआ, जो कि लगभग 11.71 सात-एक प्रतिशत अधिक है.
राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड को आंध्र प्रदेश राज्य ऊर्जा संरक्षण पुरस्कार
राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड को आंध्र प्रदेश के राज्य ऊर्जा संरक्षण मिशन द्वारा आयोजित राज्य ऊर्जा संरक्षण पुरस्कार 2024 प्रतियोगिता में प्रतिष्ठित ‘स्वर्ण पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया है. लौह और इस्पात श्रेणी में ऊर्जा संरक्षण में महत्वपूर्ण पहल के लिये यह पुरस्कार दिया गया है.
विदेश मंत्री कतर की तीन दिन की आधिकारिक यात्रा पर
विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर 30 दिसम्बर से 1 जनवरी तक कतर की तीन दिन की आधिकारिक यात्रा पर रहेंगे. इस दौरान वे कतर के प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री शेख मोहम्मद बिन अब्दुल रहमान बिन जसीम अल थानी के साथ बैठक करेंगे.
अमरीका के पूर्व राष्ट्रपति जिम्मी कार्टर का निधन
अमरीका के पूर्व राष्ट्रपति जिम्मी कार्टर का 29 दिसम्बर को सौ वर्ष की आयु में निधन हो गया. वे मेलेनोमा त्वचा कैंसर से पीड़ित थे. श्री कार्टर भारत की यात्रा करने वाले तीसरे अमरीकी राष्ट्रपति थे. उनका कार्यकाल 1977 से 1981 तक रहा. उन्हें 2002 में नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया गया था.
भारत पहली WAVES की मेजबानी करेगा
भारत वर्ष 2025 में पहली बार विश्व ऑडियो विजुअल एंटरटेनमेंट शिखर सम्मेलन (WAVES) की मेजबानी करेगा. इसका आयोजन देश के मीडिया और मनोरंजन उद्योग को बढ़ावा देने और इसके वैश्विक प्रभाव को बढ़ाने के लिए किया जाएगा. यह 5 से 9 फरवरी, 2025 तक नई दिल्ली में आयोजित होगा.
भारत-नेपाल संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘सूर्य किरण’
भारत और नेपाल के बीच संयुक्त सैन्य अभ्यास ‘सूर्य किरण’ 31 दिसंबर 2024 से 13 जनवरी 2025 तक आयोजित किया जा रहा है. यह सूर्य किरण का 18वां संस्करण है जो नेपाल के सलझंडी में आयोजित हो रहा है. यह एक वार्षिक प्रशिक्षण कार्यक्रम है जो दोनों देशों में बारी-बारी से आयोजित किया जाता है.
