डेली कर्रेंट अफेयर्स
संसद ने 128वां संविधान संशोधन विधेयक पारित किया
संसद के दोनों सदनों (लोकसभा और राज्यसभा) ने हाल ही में संविधान का 128वां संशोधन विधेयक 2023 पारित किया था. इस विधेयक में लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण प्रदान करने का प्रावधान है.
इस विधेयक का नाम ‘नारी शक्ति वंदन विधेयक’ (Nari Shakti Vandan Vidheyak) दिया गया था. केंद्रीय कानून एवं न्याय मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) अर्जुन राम मेघवाल ने इस विधेयक को संसद में पेश किया था.
128वां संविधान संशोधन विधेयक: मुख्य बिन्दु
- यह विधेयक संसद के विशेष सत्र में पारित किया गया था. मुख्य रूप से इस विधेयक को पारित करने के लिए 18 से 21 सितम्बर तक के लिए संसद का विशेष सत्र बुलाया गया था.
- संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही 19 सितम्बर से नये संसद भवन में शुरू हुई थी. इस प्रकार नए संसद भवन में पारित होने वाला यह पहला विधेयक था.
- राज्यसभा में यह विधेयक 21 सितंबर को सभी सदस्यों के समर्थन से पारित किया गया. इससे पहले लोकसभा ने इस विधेयक को पारित किया था, जिसमें दो सदस्यों को छोड़कर सभी सदस्यों ने समर्थन दिया था.
- इस विधेयक को पारित कराने के लिए दो तिहाई बहुमत आवश्यक था. आगे इसे देश की 20 विधानसभाओं से भी मंजूरी दिलानी होगी.
- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हस्ताक्षर के बाद यह विधेयक कानून बन जाएगा और यह ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ कहलाएगा.
- इस अधिनियम के तहत लोकसभा और विधानसभाओं में महिलाओं के लिए आरक्षण 15 वर्ष के लिए लागू रहेगा, जिसकी अवधि संसद द्वारा और आगे बढ़ाई जा सकेगी.
- इस अधिनियम के तहत जनगणना के आधार पर, परिसीमन प्रक्रिया पूरी होने के बाद महिलाओं के लिए सीटें आरक्षित की जाएंगी.
- अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए निर्धारित आरक्षण के भीतर ही महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान होगा.
- वर्तमान लोकसभा में कुल 82 महिला सदस्य हैं, जो कुल 543 सदस्यों का 15 प्रतिशत से भी कम है.
एक राष्ट्र एक चुनाव समिति की पहली बैठक नई दिल्ली में हुई
एक राष्ट्र एक चुनाव समिति की पहली बैठक 23 सितम्बर को नई दिल्ली में हुई थी. सरकार ने 2 सितंबर को लोकसभा और राज्य विधानसभाओं के चुनाव एक साथ कराने पर विचार-विमर्श के लिए पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद की अध्यक्षता में आठ सदस्य समिति को अधिसूचित किया था.
इस अवसर पर समिति के अध्यक्ष रामनाथ कोविंद ने कहा कि समिति ने देश में एकसाथ चुनाव कराने के मुद्दे पर सुझाव और विचार जानने के लिए मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय और राज्य स्तर के राजनीतिक दलों और अन्य मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को आमंत्रित करने का निर्णय किया है.
उन्होंने कहा कि समिति इस मुद्दे पर अपने सुझाव और दृष्टिकोण देने के लिए भारत के विधि आयोग को भी आमंत्रित करेगी.
भारत और संयुक्त राष्ट्र ने संयुक्त क्षमता निर्माण अभियान की शुरूआत की
भारत और संयुक्त राष्ट्र ने ग्लोबल साउथ के लिए संयुक्त क्षमता निर्माण अभियान की शुरूआत की. इस अभियान की घोषणा 22 सितम्बर को न्यूयार्क में भारत संयुक्त राष्ट्र – ग्लोबल साउथ कार्यक्रम में की गई.
- इसका उद्देश्य भारत के विकास के अनुभव, सर्वोत्तम प्रक्रिया और विशेषज्ञता को ग्लोबल साउथ के देशों के साथ साझा करना है.
- भारत संयुक्त राष्ट्र अभियान पहले से चल रहे भारत संयुक्त राष्ट्र विकास भागीदारी कोष से जुडेगा. इसके अंतर्गत पिछले छह वर्ष से 61 देशों में चल रही 75 विकास परियोजनाए हैं.
- न्यूयॉर्क में डॉ. जयशंकर ने कहा कि पूर्व और पश्चिम के मतभेदों तथा उत्तर और दक्षिण की भारी असमानताओं के कारण जी-20 की भारत की अध्यक्षता बहुत चुनौतीपूर्ण थी. डॉ. जयशंकर संयुक्त राष्ट्र महासभा के 78वें सत्र में भाग लेने के लिए न्यूयॉर्क गए थे.
23 सितम्बर: अन्तर्राष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिवस से संबंधित जानकारी
प्रत्येक वर्ष 23 सितम्बर को अन्तर्राष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिवस (International Day of Sign Languages) मनाया जाता है. जो लोग सुन या बोल नहीं सकते उनके हाथों, चेहरे और शरीर के हाव-भाव से बातचीत की भाषा को सांकेतिक भाषा (Sign Language) कहा जाता है.
- अंतर्राष्ट्रीय सांकेतिक भाषा दिवस-2023 का विषय (थीम)– ‘एक ऐसी दुनिया जहां बधिर लोग कहीं भी हस्ताक्षर कर सकते हैं’ (A World Where Deaf People Can Sign Anywhere) है.
- इस दिवस को मनाए जाने का प्रस्ताव विश्व बधिर संघ (World Federation of the Deaf) ने रखा था. सांकेतिक भाषा के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 23 सितम्बर 2018 को सांकेतिक भाषा दिवस घोषित किया था. 2018 में पहली बार यह दिवस मनाया गया था.
देश-दुनिया: एक संक्षिप्त दृष्टि
सामयिक घटनाचक्र का डेलीडोज
दिल्ली में अंतरराष्ट्रीय अधिवक्ता सम्मेलन आयोजित किया गया
दिल्ली में 23-24 सितम्बर को अंतरराष्ट्रीय अधिवक्ता सम्मेलन आयोजित किया गया था. सम्मेलन का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था. बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने इस सम्मेलन को पहली बार आयोजित किया था. इस सम्मेलन का विषय था- न्याय प्रणाली की उभरती चुनौतियां.
देश का 75 प्रतिशत गांव खुले में शौच से मुक्त
देश के 75 प्रतिशत गांव खुले में शौच से मुक्त हो चुके है. केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने नई दिल्ली में कहा कि स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के दूसरे चरण के तहत इन गांवों को ओडीएफ प्लस घोषित किया गया है. ओडीएफ प्लस का दर्जा उन गांवों को दिया गया है, जिन्होंने खुले में शौच से मुक्त होने के साथ ही ठोस और तरल अपशिष्ट प्रबंधन प्रणाली को भी लागू किया है.
अरूणाचल प्रदेश में तेजु हवाई अड्डे पर नये टर्मिनल भवन का उद्घाटन
नागर विमानन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अरूणाचल प्रदेश ने तेजु हवाई अड्डे पर नये टर्मिनल भवन का उद्घाटन किया. तेजु टर्मिनल के भवन को 212 एकड भूमि पर 170 करोड की लागत से बनाया गया है. इसके साथ ही अरुणाचल प्रदेश में अब कुल चार हवाई अड्डे हो गये हैं.
