डेली कर्रेंट अफेयर्स
IMD मौसम रिपोर्ट में पाकिस्तान के कब्जे वाले भारतीय क्षेत्र को भी शामिल किया गया
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के मौसम रिपोर्ट में पाकिस्तान के कब्जे वाले भारतीय क्षेत्र- मुजफ्फराबाद और गिलगित-बाल्टिस्तान को शामिल किया जाना हाल के दिनों में चर्चा में रहा है.
दरअसल IMD ने जम्मू और कश्मीर के अपने मौसम संबंधी उप-मंडल का उल्लेख ‘जम्मू और कश्मीर, लद्दाख, गिलगित-बाल्टिस्तान और मुजफ्फराबाद’ के रूप में करना शुरू किया है. इनमें मुजफ्फराबाद और गिलगित-बाल्टिस्तान पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (POK) के अंतर्गत आते हैं.
IMD द्वारा यह परिवर्तन 5 मई से उत्तर-पश्चिमी डिविजन के दैनिक पूर्वानुमान में दिखाई देना शुरू हुआ था. देश में इस समय 36 मौसम संबंधी उप-मंडल हैं. इन्हें राज्य की सीमाओं के साथ परिभाषित किया गया है.
उत्तर पश्चिम डिविजन के तहत 9 उप-मंडल (सबडिवीजन) आते हैं जिसमें जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली-चंडीगढ़-हरियाणा, पंजाब, पूर्वी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी राजस्थान शामिल हैं.
घटनाक्रम का महत्व
इस घटनाक्रम का महत्व ऐसे समय में काफी बढ़ जाता है जब भारत ने हाल ही एक बार फिर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि POK भारत का हिस्सा है. इसमें बगैर भारत की अनुमति के किसी तरह की छेड़खानी सहन नहीं की जाएगी.
IMD ने मुजफ्फराबाद और गिलगित-बाल्टिस्तान के लिये मौसम पूर्वानुमान जारी करना तब शुरू किया गया है जब कुछ ही दिन पहले पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने गिलगिट-बाल्टिस्तान में चुनाव की अनुमति दी थी.
पाकिस्तान और चीन का संयुक्त हित
- वर्तामान में पाकिस्तान, POK को देश का ‘स्वतंत्र हिस्सा’ मानता है. यहाँ पृथक सरकार चलती है. POK के अपने प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति हैं.
- चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (China–Pakistan Economic Corridor- CPEC), गिलगित-बाल्टिस्तान से होकर गुजरता है.
- POK के इस हिस्से में चीन तभी पूंजी निवेश करेगा, जब यह हिस्सा पूरी तरह पाकिस्तान के नियंत्रण में न आ जाए. यह यहाँ नई सरकार के गठन से ही यह संभव है.
- इस कारण पाकिस्तान ने POK के उपरी हिस्से गिलगित-बाल्टिस्तान को देश का पांचवां प्रदेश बनाने का मंसूबा तैयार किया है. अभी पाकिस्तान में चार प्रांत सिंध, पंजाब, खैबर पख्तूनख्वाह और बलूचिस्तान हैं.
महाराष्ट्र विधान परिषद की 9 सीटों के लिए चुनाव
निर्वाचन आयोग ने महाराष्ट्र विधान परिषद की 9 सीटों के लिए चुनाव 21 मई को करने की घोषणा हाल ही में की थी. इसके लिए चुनाव की अधिसूचना 4 मई को जारी की गयी थी. इस चुनाव के लिए नामांकन 11 मई तक भरे जा सकते. वोटों की गिनती मतदान के दिन ही होगी.
इससे पहले, कोरोना संक्रमण के फैलाव को देखते हुए चुनाव स्थगित कर दिए गए थे. महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने 30 अप्रैल को निर्वाचन आयोग को पत्र लिख कर महाराष्ट्र विधान परिषद की रिक्त 9 सीटों के लिए चुनाव कराने का अनुरोध किया था.
मुख्यमंत्री बने रहने के लिए राज्य विधानमंडल का सदस्य होना अनिवार्य
किसी भी राज्य का मुख्यमंत्री के लिए शपथ लेने के छह महीने के भीतर राज्य विधानमंडल के किसी एक सदन (विधानसभा या विधानपरिषद) का सदस्य होना संवैधानिक रूप से अनिवार्य है.
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री ऊद्धव ठाकरे को 28 नवम्बर 2019 को राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ दिलाई गई थी. वे राज्य विधानमंडल के किसी भी सदन के सदस्य नहीं हैं.
भारतीय संविधान के अनुसार मुख्यमंत्री ठाकरे को पद पर बने रहने के लिए मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के छह महीने के भीतर यानी 28 मई तक उन्हें किसी एक सदन का सदस्य होना जरूरी है.
