प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इजरायल की राजकीय यात्रा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 25 और 26 फरवरी 2026 को इजरायल की राजकीय यात्रा पर थे. जुलाई 2017 के बाद यह उनकी दूसरी इजरायल यात्रा थी.

पश्चिम एशिया में चल रहे भारी तनाव के बीच हुई इस यात्रा ने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींचा है.

महत्वपूर्ण घटनाक्रम

  • भारत और इजरायल ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को अपग्रेड करते हुए इसे ‘शांति, नवाचार और समृद्धि के लिए विशेष रणनीतिक साझेदारी’ का नाम दिया है.
  • रक्षा क्षेत्र में सहयोग बढ़ाते हुए भारत के स्वदेशी एयर डिफेंस सिस्टम ‘सुदर्शन चक्र’ के लिए इजरायल के ‘आयरन डोम’ और ‘आयरन बीम’ (लेजर मिसाइल डिफेंस) तकनीक के संभावित इस्तेमाल पर अहम चर्चा हुई.
  • दोनों देशों के बीच आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), साइबर सुरक्षा, सेमीकंडक्टर और ‘मुक्त व्यापार समझौते’ (FTA) को जल्द लागू करने पर सहमति बनी.
  • प्रधानमंत्री मोदी इजरायल की संसद ‘नेसेट’ को संबोधित करने वाले इतिहास के पहले भारतीय प्रधानमंत्री बन गए हैं.
  • इस मौके पर उन्हें इजरायली संसद के स्पीकर द्वारा प्रतिष्ठित ‘स्पीकर ऑफ द नेसेट मेडल’ से भी सम्मानित किया गया.
  • उन्होंने यड वाशेम (Yad Vashem) होलोकॉस्ट मेमोरियल का दौरा किया और इजरायल के राष्ट्रपति इसहाक हर्ज़ोग से भी मुलाकात की.
  • प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी तरफ से ‘गाजा शांति योजना’ (Gaza Peace Plan) का समर्थन किया और क्षेत्रीय स्थिरता पर जोर दिया.

हेक्सागोन अलायंस

  • प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने भारत को अपने प्रस्तावित ‘हेक्सागोन अलायंस’ (Hexagon Alliance) का एक केंद्रीय स्तंभ बताया है.
  • हेक्सागोन अलायंस इजरायल, भारत, ग्रीस, साइप्रस और कुछ अरब देशों का एक नया कूटनीतिक गुट बनाने की योजना है, जिसका मकसद क्षेत्र में कट्टरपंथी ताकतों का मुकाबला करना है.