इरफान अली को दोबारा गुयाना का राष्ट्रपति चुना गया

  • मोहम्मद इरफ़ान अली गुयाना के राष्ट्रपति के रूप में फिर से चुने गए हैं. सत्तारूढ़ पीपुल्स प्रोग्रेसिव पार्टी (पीपीपी) के प्रमुख, 45 वर्षीय अली पहली बार 2020 में सत्ता में आए थे.
  • मतदान में अली के मुख्य प्रतिद्वंद्वी वामपंथी विपक्षी पीपुल्स नेशनल कांग्रेस रिफॉर्म (पीएनसीआर) के ऑब्रे नॉर्टन और अज़रुद्दीन मोहम्मद थे, जिन्होंने कुछ महीने पहले ही अपनी पार्टी वी इन्वेस्ट इन द नेशन (डब्ल्यूआईएन) की स्थापना की थी.
  • लंबे समय से विपक्षी दल, पार्टनरशिप फॉर नेशनल यूनिटी (एपीएनयू) काफ़ी पीछे रही.
  • प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने गयाना में आम और क्षेत्रीय चुनावों में जीत के लिए राष्ट्रपति इरफ़ान अली को बधाई दी है.
  • प्रधानमंत्री ने कहा कि वे भारत-गयाना साझेदारी को अधिक मज़बूत करने के लिए तत्पर हैं.
  • गयाना के राष्ट्रपति अली ने प्रधानमंत्री के संदेश के जवाब में दोनों देशों के बीच पहले से ही मज़बूत और सौहार्दपूर्ण संबंधों को और सुदृढ बनाने की इच्छा व्यक्त की है.

इरफ़ान अली कौन हैं?

  • अली एक शहरी योजनाकार और अर्थशास्त्री हैं. उनका जन्म एक मुस्लिम भारतीय-गुयाना परिवार में हुआ था.
  • अली का परिवार 19वीं सदी में भारत से गिरमिटिया मज़दूरों के रूप में गुयाना आया था.
  • 2023 में, उन्हें प्रवासी भारतीय सम्मान से सम्मानित किया गया – जो प्रवासी भारतीयों के लिए सर्वोच्च सम्मान है.

गुयाना

  • गुयाना दक्षिण अमेरिका का एक छोटा-सा देश है. उसकी जनसंख्या 8 लाख के आसपास है. यहां गरीबी की दर लैटिन अमेरिका में सबसे अधिक है. गुयाना में लगभग 3,20,000 भारतीय मूल के लोग रहते हैं. गुयाना दुनिया में प्रति व्यक्ति सबसे बड़े कच्चे तेल भंडार वाला देश है.