इंडिया-एआई इम्पैक्ट समिट 2026 नई दिल्ली में आयोजित किया गया
नई दिल्ली के भारत मंडपम में 16 से 21 फरवरी 2026 तक इंडिया-एआई इम्पैक्ट समिट 2026 (India-AI Impact Summit 2026) का आयोजन किया गया था. यह एक ऐतिहासिक वैश्विक आयोजन था, जिसने दुनिया के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) परिदृश्य में भारत को एक प्रमुख नेतृत्वकर्ता (Leader) के रूप में स्थापित किया है.
इंडिया-एआई इम्पैक्ट समिट 2026: मुख्य बिन्दु
- इस सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य ‘ग्लोबल साउथ’ (विकासशील देशों) की आवाज बनना और AI को केवल कुछ देशों तक सीमित न रखकर इसे सभी के लिए सुलभ बनाना था.
- इस सम्मेलन का मुख्य थीम था- ‘People, Planet, Progress’ यानी AI का उपयोग मानवता, पर्यावरण रक्षा और विकास के लिए हो.
- इसमें 7 प्रमुख स्तंभ शामिल थे, जैसे- समावेशी विकास, सुरक्षित AI, मानव पूंजी (Skilling), और AI का लोकतंत्रीकरण (Democratization).
- सम्मेलन के दौरान अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन (ISA) ने स्वच्छ ऊर्जा में AI के इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए ‘ग्लोबल AI-फॉर-एनर्जी मिशन’ शुरू किया.
भारत का पहला सरकारी वित्तपोषित एआई मॉडल
- सम्मेलन के दौरान भारतजेन (BharatGen) को लॉन्च किया गया. यह भारत का पहला सरकारी वित्तपोषित ‘मल्टीमॉडल एआई मॉडल’ है.
- यह 17-बिलियन पैरामीटर वाला मॉडल है, जिसे भारतीय भाषाओं और संदर्भों के लिए विशेष रूप से डिजाइन किया गया है.
- यह भारत की भाषाई विविधता (जैसे बोलियों और विभिन्न भाषाओं) को समझने में सक्षम है. यह विदेशी AI मॉडल्स (जैसे ChatGPT) पर निर्भरता कम करेगा.
भारत पैक्स सिलिका गठबंधन में शामिल हुआ
- भारत आधिकारिक तौर पर अमेरिका के नेतृत्व वाले ‘पैक्स सिलिका’ (Pax Silica) गठबंधन में शामिलहुआ. इसका उद्देश्य AI और सेमीकंडक्टर सप्लाई चेन को चीन जैसे देशों पर निर्भरता से मुक्त करना और सुरक्षित बनाना है.
- पैक्स सिलिका गठबंधन में वे देश शामिल हैं जो तकनीक में अग्रणी हैं. अमेरिका और भारत के अतिरिक्त जापान, दक्षिण कोरिया, ताइवान और यूरोपीय संघ (EU) इसके सदस्य हैं.
- जिस तरह ‘ओपेक’ (OPEC) तेल (Oil) की कीमतों और सप्लाई को नियंत्रित करता है, उसी तरह ‘पैक्स सिलिका’ भविष्य में डेटा, AI और चिप्स की दुनिया को नियंत्रित और सुरक्षित करने वाला सबसे शक्तिशाली समूह बनने की दिशा में काम कर रहा है.
20 से अधिक देशों के राष्ट्राध्यक्षों ने हिस्सा लिया
- सम्मेलन में दुनिया भर के कई प्रमुख नेताओं, राष्ट्राध्यक्षों, ग्लोबल टेक सीईओ और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रमुख ने हिस्सा लिया. इसमें 20 से अधिक देशों के राष्ट्राध्यक्षों और 40 से अधिक ग्लोबल टेक सीईओ ने भाग लिया.
- फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों, ब्राजील के राष्ट्रपति लुईस इनैसियो लूला द सिल्वा, स्पेन के राष्ट्रपति पेड्रो सांचेज़ स्विट्जरलैण्ड के राष्ट्रपति गी पॉहमेलॉ, नीदरलैण्डस के प्रधानमंत्री डिक स्कूफ और संयुक्त अरब अमीरात के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन ज़ायद अल नाहियान सम्मेलन में शामिल होने वाले मुख्य वैश्विक नेता थे.
- संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस, IMF के एमडी क्रिस्टालिना जॉर्जीवा और वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) के अध्यक्ष बोरगे ब्रेंडे ने भी सम्मेलन में हिस्सा लिया.
