डेली कर्रेंट अफेयर्स
4-6 मार्च 2026

यूपीएससी, एसएससी, बैंक, रेलवे सहित केंद्र एबं राज्य सरकारों द्वारा आयोजित सभी प्रतियोगिता परीक्षा के लिए उपयोगी.

फिनलैंड के राष्ट्रपति डॉ. अलेक्जेंडर स्टब की भारत यात्रा

फिनलैंड के राष्ट्रपति डॉ. अलेक्जेंडर स्टब (Dr. Alexander Stubb) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निमंत्रण पर 4 से 7 मार्च 2026 तक भारत की राजकीय यात्रा पर थे. राष्ट्रपति का पद संभालने के बाद यह उनकी पहली भारत यात्रा थी. राष्ट्रपति स्टब इस यात्रा के दौरान नई दिल्ली में आयोजित 11वें रायसीना डायलॉग के मुख्य अतिथि थे.

मुख्य बिन्दु

  • 5 मार्च को नई दिल्ली के हैदराबाद हाउस में प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति स्टब के बीच उच्च स्तरीय द्विपक्षीय वार्ता हुई.
  • दोनों नेताओं ने अब सुरक्षित, भरोसेमंद और समावेशी एआई के विकास पर जोर दिया.
  • भारत और यूरोपीय संघ (India-EU) के बीच हाल ही में संपन्न हुए ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) का स्वागत किया गया.
  • उन्‍होंने वर्ष 2030 तक भारत और फिनलैंड के बीच मौजूदा व्‍यापार दोगुना करने के लक्ष्‍य पर भी सहमति व्‍यक्‍त की.
  • दोनों देशों ने जलवायु परिवर्तन जैसी वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए ‘नियम-आधारित अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था’  और संयुक्त राष्ट्र (UN) की भूमिका को मजबूत करने की वकालत की.
  • नई दिल्ली में उन्होंने भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू से राष्ट्रपति भवन में मुलाकात की.
  • अपनी यात्रा के दूसरे चरण में राष्ट्रपति स्टब मुंबई पहुंचे. दोनों देशों के आर्थिक संबंधों को गहरा करने के लिए उन्होंने ‘फिनलैंड-इंडिया बिजनेस डायलॉग’ में हिस्सा लिया.
  • यह यात्रा इस बात का स्पष्ट संकेत है कि फिनलैंड व्यापार, नवाचार और रणनीतिक स्थिरता के लिए भारत को एक बेहद अहम साझेदार मान रहा है.

नई दिल्ली में रायसीना संवाद के 11वें संस्करण का शुभारंभ

11वां रायसीना संवाद (11th Raisina Dialogue) 2026 नई दिल्ली में 5 से 7 मार्च 2026 तक आयोजित किया गया था. इस बार 110 देशों के लगभग 2,700 प्रतिनिधि (जिनमें मंत्री, पूर्व राष्ट्राध्यक्ष, सैन्य कमांडर, और तकनीकी विशेषज्ञ शामिल थे) व्यक्तिगत रूप से इस सम्मेलन में हिस्सा लिया.

11वां रायसीना संवाद: मुख्य बिन्दु

  • सम्मेलन का आधिकारिक उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था. फिनलैंड के राष्ट्रपति डॉ. अलेक्जेंडर स्टब इस सम्मेलन के मुख्य अतिथि और प्रमुख वक्ता थे.
  • 11वें संस्करण की थीम ‘संस्कार: असर्शन, एकोमोडेशन, एडवांसमेंट’ (Saṁskāra – Assertion, Accommodation, Advancement) थी. यह थीम सभ्यताओं की पहचान, संप्रभुता के दावे और वैश्विक प्रगति में संतुलन बनाने पर केंद्रित है.
  • पूरे संवाद को चर्चा के लिए 6 मुख्य स्तंभों (Pillars) में बांटा गया था, जिनमें तकनीकी दुनिया (Tomorrowland), एजेंडा 2030 (White Whale), और जलवायु व संघर्ष (The Eleventh Hour) जैसे विषय शामिल थे.
  • राष्ट्रपति स्टब ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में सुधार और भारत को स्थायी सदस्य बनने की बात कही.
  • इस बार चर्चा के केंद्र में एआई (Artificial Intelligence), सेमीकंडक्टर सप्लाई चेन और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर का दबदबा रहा.
  • पश्चिमी देशों के प्रभुत्व के अंत और वैश्विक शक्ति संतुलन में ‘ग्लोबल साउथ’ (विकासशील देशों) की बढ़ती भूमिका पर विशेष जोर दिया गया.

रायसीना संवाद: मुख्य बिन्दु

  • रायसीना संवाद वैश्विक कूटनीति, भू-राजनीति और भू-अर्थशास्त्र पर भारत का सबसे प्रमुख वार्षिक सम्मेलन है.
  • यह सम्मेलन भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) और ‘ऑब्जर्वर रिसर्च फाउंडेशन’ (ORF) द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित किया जाता है.
  • यह सम्मेलन 2016 से हर वर्ष नई दिल्ली में आयोजित किया जाता है. इसकी तर्ज सिंगापुर के ‘शांगरी-ला डायलॉग’ और जर्मनी के ‘म्यूनिख सुरक्षा सम्मेलन’ पर आधारित है.

विभिन्‍न राज्‍यों के राज्यपालों की नियुक्तियां

राष्‍ट्रपति दौपदी मुर्मु ने विभिन्‍न राज्‍यों और केंद्र शासित प्रदेशों के राज्‍यपाल और उप-राज्‍यपालों (L-G) की नियुक्ति की है. इन नियुक्तियों में कुछ नए चेहरों को जिम्मेदारी दी गई है, जबकि कई मौजूदा राज्यपालों के राज्य बदले गए हैं.

प्रमुख नई नियुक्तियां

  1. दिल्ली: अमेरिका में भारत के पूर्व राजदूत और वरिष्ठ राजनयिक तरणजीत सिंह संधू को दिल्ली का नया उपराज्यपाल (L-G) नियुक्त किया गया है. वह विनय कुमार सक्सेना की जगह लेंगे.
  2. बिहार: भारतीय सेना के पूर्व सैन्य सचिव लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) सैयद अता हसनैन को बिहार का नया राज्यपाल बनाया गया है.
  3. नागालैंड: बिहार विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता नंद किशोर यादव को नागालैंड का राज्यपाल नियुक्त किया गया है.

राज्यों के बीच फेरबदल

  1. पश्चिम बंगाल: तमिलनाडु के राज्यपाल आरएन रवि (RN Ravi) को पश्चिम बंगाल स्थानांतरित किया गया है. यह फैसला बंगाल के पूर्व राज्यपाल सीवी आनंद बोस के अचानक इस्तीफे के बाद लिया गया.
  2. तमिलनाडु: केरल के वर्तमान राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर को केरल के साथ-साथ तमिलनाडु के राज्यपाल का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है.
  3. महाराष्ट्र: तेलंगाना के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा को स्थानांतरित कर अब महाराष्ट्र का राज्यपाल बनाया गया है.
  4. तेलंगाना: हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल को अब तेलंगाना का नया राज्यपाल नियुक्त किया गया है.
  5. लद्दाख: दिल्ली के पूर्व उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना को अब लद्दाख का उपराज्यपाल (L-G) नियुक्त किया गया है.
  6. हिमाचल प्रदेश: लद्दाख के उपराज्यपाल रहे कविंदर गुप्ता को अब हिमाचल प्रदेश का राज्यपाल बनाया गया है.

आंध्र प्रदेश में नई जनसंख्या नीति विधानसभा में पेश किया गया

आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने हाल ही में ‘जनसंख्या प्रबंधन नीति’ (Population Management Policy) का ड्राफ्ट विधानसभा में पेश किया है.

इस नीति का मुख्य उद्देश्य ‘जनसंख्या नियंत्रण’ की पुरानी सोच को बदलकर ‘जनसंख्या देखभाल’ (Population Care) पर ध्यान केंद्रित करना और राज्य में युवा आबादी को बढ़ाना है. इसे 1 अप्रैल 2026 से लागू करने का लक्ष्य रखा गया है.

नई नीति की प्रमुख विशेषताएं

  • दूसरे या तीसरे बच्चे को जन्म देने वाले परिवार को प्रसव के समय ‘पोषण-शिक्षा-सुरक्षा पैकेज’ के तहत ₹25,000 की एक मुश्त प्रोत्साहन राशि दी जाएगी.
  • तीसरे बच्चे के लिए पहले 5 वर्षों तक हर महीने ₹1,000 की अतिरिक्त वित्तीय सहायता दी जाएगी.
  • तीसरे बच्चे को 18 वर्ष की आयु तक सरकारी या आवासीय विद्यालयों में बिल्कुल मुफ्त शिक्षा प्रदान की जाएगी.
  • तीसरे बच्चे के जन्म पर माताओं को 12 महीने (1 वर्ष) का विशेष मातृत्व अवकाश देने का प्रस्ताव है.
  • पिताओं के लिए भी 2 महीने की विशेष छुट्टी का प्रावधान किया गया है.

इस नई नीति की आवश्यकता क्यों पड़ी?

  • 1993 में आंध्र प्रदेश की कुल प्रजनन दर 3.0 थी, जो अब खतरनाक रूप से गिरकर 1.5 पर आ गई है. जनसांख्यिकीय संतुलन बनाए रखने के लिए यह दर कम से कम 2.1 होनी चाहिए.
  • सरकार को चिंता है कि यदि जन्म दर इसी तरह गिरती रही, तो 2047 तक राज्य की 23% आबादी बुजुर्ग हो जाएगी. इससे भविष्य में अर्थव्यवस्था को चलाने के लिए ‘युवा कार्यबल’ की भारी कमी का सामना करना पड़ सकता है.

जीडीपी गणना के लिए 2022-23 को नया आधार वर्ष घोषित किया गया

भारत सरकार के सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय (MoSPI) ने 27 फरवरी 2026 को जीडीपी गणना के लिए एक नई सीरीज़ जारी की है. इसके तहत अब जीडीपी का आधार वर्ष 2011-12 से बदलकर 2022-23 कर दिया गया है.

पिछले एक दशक से अधिक समय में भारतीय अर्थव्यवस्था की संरचना में हुए बड़े बदलावों को सटीक रूप से मापने के लिए यह एक बहुत महत्वपूर्ण कदम है.

2022-23 को ही आधार वर्ष क्यों चुना गया?

किसी भी आधार वर्ष को एक ‘सामान्य वर्ष’ होना चाहिए जिसमें कोई बड़ा आर्थिक झटका न लगा हो. 2019 से 2021 के बीच के वर्ष कोविड-19 महामारी और लॉकडाउन के कारण बुरी तरह प्रभावित थे. महामारी के झटकों के बाद 2022-23 ही वह पहला साल था जब अर्थव्यवस्था पूरी तरह से सामान्य और स्थिर हुई थी.

गणना के तरीके में नए बदलाव

  • पहले केवल उत्पादन (Output) की महंगाई दर को घटाकर वास्तविक जीडीपी निकाली जाती थी. अब कच्चे माल (Inputs) और तैयार माल (Outputs) दोनों की महंगाई को अलग-अलग एडजस्ट किया जाएगा. इससे वास्तविक विकास का एकदम सटीक आंकड़ा मिलेगा.
  • अब जीडीपी की गणना में केवल पुराने सर्वे नहीं, बल्कि हाई-फ्रीक्वेंसी डेटा जैसे—GST कलेक्शन, ई-वाहन पोर्टल का डेटा, और MCA-21 (कंपनियों का डेटाबेस) का इस्तेमाल किया जा रहा है.
  • इस नई गणना में डिजिटल इकॉनमी, गिग वर्कर्स (जैसे डिलीवरी बॉय), और घरों में काम करने वाले वेतनभोगी कर्मचारियों को भी बेहतर तरीके से शामिल किया गया है.

अर्थव्यवस्था के आंकड़ों पर इसका प्रभाव

  • नए आधार वर्ष के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए भारत की वास्तविक विकास दर का अनुमान बढ़ाकर 7.6% कर दिया गया है (जो पुरानी गणना के अनुसार 7.1% था). इसमें विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) क्षेत्र का सबसे बड़ा योगदान है.
  • वास्तविक विकास दर बढ़ने के बावजूद, अर्थव्यवस्था का कुल आकार पिछले अनुमानों से लगभग 3% कम हो गया है. इसके कारण भारत की अर्थव्यवस्था अब लगभग $3.9 ट्रिलियन आंकी जा रही है.
  • जीडीपी का कुल आकार कम होने के कारण, सरकार का राजकोषीय घाटा और ऋण-जीडीपी अनुपात (Debt-to-GDP ratio) प्रतिशत के रूप में थोड़ा बढ़ गया है.
  • नई गणना में कृषि और विनिर्माण क्षेत्र का योगदान थोड़ा बढ़ा है, जबकि सेवा क्षेत्र (Services Sector) का प्रतिशत थोड़ा कम हुआ है.

संक्षिप्त सामयिक घटनाचक्र

ओडिशा में इफको के सल्फ्यूरिक एसिड संयंत्र का लोकार्पण

गृह मंत्री अमित शाह ने 6 मार्च को ओडिशा में इफको के सल्फ्यूरिक एसिड संयंत्र का लोकार्पण किया. यह संयंत्र भारतीय कृषक उर्वरक सहकारी लिमिटेड ने पारादीप इकाई में स्थापित किया है.

अमेरिका-इज़राइल और ईरान के बीच संघर्ष चरम पर

5 मार्च को श्रीलंका के दक्षिणी तट के पास अमेरिकी पनडुब्बी ने ईरानी युद्धपोत (IRIS Dena) को डुबो दिया. इसके जवाब में ईरान ने अज़रबैजान और इराक में मौजूद अमेरिकी ठिकानों पर ड्रोन हमले किए हैं और पश्चिमी देशों के जहाजों के लिए रणनीतिक ‘होर्मुज़ जलडमरूमध्य’ (Strait of Hormuz) को बंद कर दिया है.

भारत के नए रक्षा सौदे

रक्षा मंत्रालय ने समुद्री सुरक्षा को मजबूत करने के लिए ₹5,083 करोड़ के रक्षा अनुबंधों पर हस्ताक्षर किए हैं. इसके तहत भारतीय तटरक्षक बल (ICG) के लिए ‘ALH Mk-III’ हेलीकॉप्टर और नौसेना के लिए ‘Shtil’ मिसाइल सिस्टम खरीदे जाएंगे.

T20 वर्ल्ड कप 2026

मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेले गए ICC पुरुष T20 विश्व कप के दूसरे सेमीफाइनल में भारत ने इंग्लैंड को हरा दिया है और इसी के साथ भारतीय टीम खिताबी मुकाबले (Final) में प्रवेश कर लिया है.

ऑल इंग्लैंड ओपन (बैडमिंटन)

भारतीय शटलर लक्ष्य सेन ने टूर्नामेंट के पहले ही दौर में एक बहुत बड़ा उलटफेर करते हुए दुनिया के नंबर 1 बैडमिंटन खिलाड़ी, चीन के शी युकी (Shi Yuqi) को पराजित कर दिया.