डेली कर्रेंट अफेयर्स
9 अगस्त 2025

यूपीएससी, एसएससी, बैंक, रेलवे सहित केंद्र एबं राज्य सरकारों द्वारा आयोजित सभी प्रतियोगिता परीक्षा के लिए उपयोगी.

फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्डिनेंड आर मार्कोस जूनियर की भारत यात्रा

फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्डिनेंड आर मार्कोस जूनियर 4 से 8 अगस्त तक भारत की आधिकारिक यात्रा पर थे. राष्ट्रपति मार्कोस की यह यात्रा भारत-फिलीपींस राजनायिक संबंधों की 75वीं वर्षगांठ के अवसर पर हुई थी.

भारत-फिलीपींस प्रतिनिधिमण्डल स्तरीय वार्ता

  • इस दौरान के दौरान श्री मार्कोस ने प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी के साथ प्रतिनिधिमण्डल स्तरीय वार्ता में हिस्सा लिया. इससे पहले उन्होंने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से भी मुलाकात की थी.
  • प्रतिनिधिमण्डल स्तरीय वार्ता में भारत और फिलीपींस ने उन्नत रणनीतिक साझेदारी के अंतर्गत द्विपक्षीय सहयोग को दिशा देने के लिए पांच वर्षीय कार्य योजना को स्‍वीकृति दी.
  • दोनों देश अपने संबंधों को महत्वपूर्ण साझेदारी के स्तर तक बढ़ाने पर सहमत हुए हैं. फिलीपींस के राष्‍ट्रपति ने दोनों देशों के संबंधों महत्वपूर्ण बताया.
  • उन्नत रणनीतिक साझेदारी के अंतर्गत सहयोग के लिए वर्ष 2025 से 2029 तक एक कार्ययोजना को अंतिम रूप दिया गया.
  • व्‍यापार और निवेश, रक्षा और सुरक्षा, समुद्री सहयोग, कृषि, स्वास्थ्य सेवा, फार्मास्‍युटिकल्स और डिजिटल प्रौद्योगिकि‍यों के क्षेत्र में आपसी सहयोग को और आगे बढ़ाने के लिए विचार-विमर्श हुआ.
  • दोनों देशों के बीच विभिन्न क्षेत्रों में 14 समझौता ज्ञापनों (MOU) पर हस्ताक्षर किए गए.

फिलीपींस-भारत व्यापार मंच

  • राष्ट्रपति मार्कोस ने 7 अगस्त को बेंगलुरु में फिलीपींस-भारत व्यापार मंच को संबोधित किया. अपने संबोधन में उन्होंने एशिया में विकास के लिए भारत के साथ व्यापक साझेदारी की अपील की.
  • फिलीपींस के राष्ट्रपति ने कहा कि दोनों देश क्षेत्रीय ज्ञान को साझा आकार दे सकते हैं, आपूर्ति श्रृंखला को बेहतर कर सकते हैं और क्षेत्र में समावेशी नवाचार सुनिश्चित कर सकते हैं.
  • उन्होंने बताया कि फिलीपींस भारत के साथ द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाने, उत्पाद विविधीकरण और आपूर्ति श्रृंखला एकीकरण को प्रोत्साहित करने वाले व्यापार समझौतों पर काम करेगा.

भारत और फिलीपींस के बीच राजनायिक संबंध

  • भारत और फिलीपींस के बीच राजनायिक संबंध नवंबर 1949 में स्‍थापित हुए थे.
  • दोनों देश क्षेत्रीय स्तर पर भी घनिष्ठ रूप से जुड़े हुए हैं जिसमें आसियान के साथ भारत की व्यापक रणनीति साझेदारी भी शामिल हैं.
  • फिलीपींस के साथ भारत के संबंध, एक्‍ट ईस्‍ट नीति, विजन महासागर और हिंद प्रशांत के दृष्टिकोण का एक अभिन्‍न स्‍तंभ है.
  • भारत और फिलीपीन्‍स के द्विपक्षीय सम्‍बन्‍धों में, व्‍यापार एक अहम पहलू है. दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्‍यापार 2023-24 में 3.5 बिलियन अमरीकी डॉलर तक पहुंच गया.
  • हाल के दिनों में दोनों देशों के बीच रक्षा, सुरक्षा और समुद्री सहयोग का विस्‍तार हुआ है.
  • फिलीपीन्‍स में आईटी, स्‍वास्‍थ्‍य सेवा, फार्मास्‍युटिकल्‍स, कपड़ा, बुनियादी ढांचा, रासायन, ऑटोमोबिल्‍स तथा कृषि जैसे विभिन्‍न क्षेत्रों में कार्यरत भारतीय कम्‍पनियों की उपस्थिति कई गुना बढ़ गई है.

फिलीपींस

  • फिलीपींस, दक्षिण पूर्व एशिया में स्थित एक द्वीपसमूह देश है. यह लगभग 7,641 द्वीपों से बना है जो प्रशांत महासागर में स्थित है.
  • इसकी राजधानी मनीला है और सबसे बड़ा शहर केज़ॉन सिटी है. फिलीपींस को एशिया में एकमात्र ईसाई राष्ट्र माना जाता है.
  • फिलीपींस की वर्तमान जनसंख्या लगभग 11.68 करोड़ है यह दुनिया का 12वाँ सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश है.

नई दिल्ली में एमएस स्वामीनाथन शताब्दी अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन का आयोजन

  • नई दिल्ली के पूसा स्थित भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद में 7 से 9 अगस्त तक एमएस स्वामीनाथन शताब्दी अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया गया था. यह सम्मेलन प्रोफेसर एमएस स्वामीनाथन की जन्म शताब्दी के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था.
  • इसका उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने किया. सम्मेलन का विषय था- ‘सदाबहार क्रांति, जैव-खुशहाली का मार्ग’
  • सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि राष्‍ट्र की प्रगति का आधार किसानों की शक्ति है. उन्‍होंने कहा कि भारत दुग्‍ध, दाल और जूट के उत्‍पादन में विश्‍व में नंबर एक है.
  • आज भारत चावल, गेहूं, कपास, फल, और सब्जी के उत्पादन में दूसरे स्थान पर है. आज भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मछली उत्पादक भी है.

खाद्य तथा शांति के लिए पहला एमएस स्वामीनाथन पुरस्कार

  • इस अवसर पर श्री मोदी ने ‘खाद्य तथा शांति के लिए पहला एमएस स्वामीनाथन पुरस्कार’ प्रदान किए.
  • इस पुरस्‍कार की शुरूआत एमएस स्‍वामीनाथन रिर्सच फाउंडेशन और विश्व विज्ञान अकादमी द्वारा एमएस स्‍वामीनाथन की विरासत को सम्मानित करने के लिए किया है.
  • ये अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कार विकासशील देशों के उन व्यक्तियों को सम्मानित करने के उद्देश्य से शुरू किया गया है, जिन्‍होंने वैज्ञानिक अनुसंधान, नीति विकास, जमीनी स्तर पर सहभागिता या स्थानीय क्षमता निर्माण के माध्यम से खाद्य सुरक्षा में सुधार, कमजोर तथा हाशय पर पड़े समुदायों के लिए जलवायु न्याय, समानता और शांति को आगे बढ़ाने में उत्कृष्ट योगदान दिया है.

एमएस स्‍वामीनाथन: ‘हरित क्रांति’ का जनक

  • एमएस स्‍वामीनाथन भारत के आनुवंशिक वैज्ञानिक थे जिन्हें भारत की ‘हरित क्रांति’ का जनक माना जाता है.
  • उन्होंने 1966 में मैक्सिको के बीजों (मैक्सिकन गेहूँ की एक किस्म) को पंजाब की घरेलू किस्मों के साथ मिश्रित करके उच्च उत्पादकता वाले गेहूं के संकर बीज विकिसित किए.
  • इसके कारण भारत के गेहूँ उत्पादन में भारी वृद्धि हुई. इस कार्य के द्वारा भारत को अन्न के मामले में आत्मनिर्भर बनाया जा सकता था.
  • ‘हरित क्रांति’ कार्यक्रम के तहत ज़्यादा उपज देने वाले गेहूं और चावल के बीज ग़रीब किसानों के खेतों में लगाए गए थे.
  • एमएस स्वामीनाथन को ‘भारत सरकार’ द्वारा सन 1967 में ‘पद्म श्री’, 1972 में ‘पद्म भूषण’ और 1989 में ‘पद्म विभूषण’ से सम्मानित किया गया था.

स्वामीनाथन आयोग

  • नवंबर 2004 में एमएस स्वामीनाथन की अध्यक्षता में राष्ट्रीय किसान आयोग का गठन किया गया था. इस आयोग की मुख्य सिफारिशें हैं:
  • किसानों को फ़सल उत्पादन मूल्य से पचास प्रतिशत ज़्यादा दाम मिले.
  • किसानों को अच्छी गुणवत्ता के बीज रियायती मूल्य पर प्रदान किये जाएं.
  • किसानों की मदद के लिए गांवों में ज्ञान चौपाल (विलेज नॉलेज सेंटर) हों.
  • महिला किसानों के लिए किसान क्रेडिट कार्ड दिए जाएँ.
  • प्राकृतिक आपदाओं की स्थिति में किसानों की मदद के लिए कृषि जोखिम फंड हों.
  • पूरे देश में हर फसल के लिए फसल बीमा की सुविधा हों.
  • खेती के लिए कर्ज की व्यवस्था हों.
  • गरीबी रेखा से नीचे रह रहे लोगों के लिए खाद्य सुरक्षा मिले.

संक्षिप्त सामयिक घटनाचक्र

संसद ने तटीय नौवहन विधेयक-2025 पारित किया

संसद ने तटीय नौवहन विधेयक-2025 पारित कर दिया है. यह विधेयक देश के तटीय जलक्षेत्र में व्यापार करने वाले जहाजों को विनियमित करता है. इस विधेयक का उद्देश्य तटीय नौवहन के विनियमन, तटीय व्यापार को बढावा देने और घरेलू भागीदारी को प्रोत्साहन देने से संबंधित कानून को संशोधित करना और उन्हें सुदृढ़ बनाना है.

प्रधानमंत्री और ब्राज़ील के राष्ट्रपति के बीच बातचीत

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी और ब्राज़ील के राष्ट्रपति लुईज़ इनासियो लूला दा सिल्वा के बीच 7 अगस्त को टेलीफोन पर बातचीत हुई. बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने व्यापार, प्रौद्योगिकी, ऊर्जा, रक्षा, कृषि, स्वास्थ्य और लोगों के बीच संबंधों में सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई. दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को नई ऊँचाइयों पर ले जाने की प्रतिबद्धता दोहराई.

भारत आने वाले चिकित्सा पर्यटकों की संख्या में वृद्धि

पिछले वर्ष चिकित्सा प्रयोजनों के लिए 6.44 लाख लोग भारत आए थे, जो 2020 के 1.82 लाख से अधिक की तुलना में बहुत ज्‍यादा है. पिछले पांच वर्षों में, बांग्लादेश से आए चिकित्सा पर्यटकों की संख्या सबसे अधिक थी, इसके बाद इराक, सोमालिया, ओमान और उज्बेकिस्तान का स्थान है. केंद्रीय पर्यटन और संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने राज्यसभा में यह जानकारी दी.

शेवनिंग उत्तर प्रदेश राज्य सरकार छात्रवृत्ति योजना

उत्तर प्रदेश सरकार ने भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी- शेवनिंग उत्तर प्रदेश राज्य सरकार छात्रवृत्ति योजना को स्‍वीकृति दे दी है. इसका उद्दे्श्य राज्य के मेधावी छात्रों को ब्रिटेन में उच्च शिक्षा प्राप्त करने के अवसर उपलब्ध कराना है.