असम में ब्रह्मपुत्र नदी पर बने देश के सबसे लम्बे रेल-सड़क पुल ‘बोगीबील’ का उद्घाटन
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 25 दिसम्बर को असम में ब्रह्मपुत्र नदी पर बने रेल-सड़क पुल ‘बोगीबील’ का उद्घाटन किया. इस पुल के लोअर डेक पर दो लाइन की रेल पटरी और टॉप डेक पर तीन लेन की सड़क है. इस पुल के निर्माण में लगभग 6900 करोड़ रुपये की लागत आयी है. इसके 120 वर्ष तक सेवा देने का अनुमान है.
इस सड़क पुल से ब्रह्मपुत्र नदी के दक्षिणी और उत्तरी छोर के बीच संपर्क कायम होगा. इससे उत्तरी असम, अरुणाचल प्रदेश और नगालैंड के आर्थिक विकास को भी बढ़ावा मिलेगा. इस पुल के भारत के पूर्वोत्तर क्षेत्र में सैनिकों और उनके साजसामान को एक जगह से दूसरी जगह शीघ्रता से ले जाया जा सकेगा. परियोजना के सामरिक महत्व को देखते हुए केंद्र सरकार ने इस पुल के निर्माण को 2007 में राष्ट्रीय परियोजना घोषित किया था. इसके शुरू होने से सड़क और रेल यात्रा दोनों में समय की बचत होगी. इस पुल के निर्माण में 80 हजार टन स्टील प्लेट्स का इस्तेमाल किया गया है और यह भारत का पहला पूरी तरह बेल्डिंग किया हुआ पुल है.
‘बोगीबील’ पुल: एक दृष्टि
- यह पुल असम को अरुणाचल प्रदेश से जोड़ती है.
- यह भारत का सबसे बड़ा और एशिया का यह दूसरा सबसे बड़ा रेल-सड़क पुल है.
- इस पुल की लंबाई 4.94 किलोमीटर है.
- यह डिब्रूगढ़ से नाहरलागुन तक सीधा संपर्क स्थापित होगा.
- इस सेतु से रेलवे मार्ग से 705 किमी और सड़क मार्ग से 150 किमी की दूरी कम हो गयी है.
- यह पुल असम के डिब्रूगढ़ के 17 किलोमीटर निचले भाग में स्थित है.
- ब्रह्मपुत्र जलस्तर से 32 मी ऊंचाई पर बने इस पुल में कुल 42 डबल डी वेल फाउंडेशन खंभों का इस्तेमाल हुआ है.
मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ में मंत्रिमंडल विस्तार
मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में 25 दिसम्बर को मंत्रिमंडल का विस्तार हुआ. मध्यप्रदेश में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने 28 विधायकों को मंत्री पद की शपथ दिलाई. इन मंत्रियों में दो महिलाएँ और एक निर्दलीय शामिल हैं. विधानसभा चुनाव में जीत के बाद कांग्रेस के नेता कमलनाथ ने मुख्यमंत्री पद के रूप में 17 दिसंबर को शपथ ग्रहण की थी.
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी अपने मंत्रिमण्डल का विस्तार किया. इस मंत्रिमण्डल विस्तार में राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने 9 नये मंत्रियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई. विधानसभा चुनावों में कांग्रेस की विजय के बाद 17 दिसम्बर को मुख्यमंत्री भुपेश बघेल के साथ टीएस सिंह देव और ताम्रध्वज साहू ने मंत्री पद की शपथ ली थी.
चीन ने दूरसंचार प्रौद्योगिकी उपग्रह का सफलतापूर्वक प्रक्षेपण किया
चीन ने 25 दिसम्बर को दूरसंचार प्रौद्योगिकी परीक्षण उपग्रह का सफलतापूर्वक प्रक्षेपण किया. उपग्रह को दक्षिण-पश्चिम चीन के सिचुआन प्रांत के शिचैंग उपग्रह प्रक्षेपण केंद्र से लॉन्ग मार्च-3 सी वाहक रॉकेट द्वारा लॉन्च किया गया. इस उपग्रह का विकास और निर्माण चीन एयरोस्पेस साइंस एंड टेक्नोलॉजी कॉरपोरेशन द्वारा किया गया है.
देश-दुनिया: एक दृष्टि
सामयिक घटनाचक्र डेलीडोज
अमरीकी सेना की वापसी इराक के लिए खतरा: इराक के प्रधानमंत्री अदेल अब्दुल मेहदी ने कहा है कि पड़ोसी देश सीरिया से अमरीकी सेना की वापसी का इराक पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा. हाल ही में अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने सीरिया में इस्लामिक स्टेट के खिलाफ जारी लड़ाई में जीत का दावा करते हुए अमरीकी सैनिकों की वापसी की घोषणा की है. गौरतलब है कि सीरिया में इस्लामिक स्टेट के खिलाफ जारी लड़ाई में वर्ष 2015 से ही दो हजार से अधिक अमरीकी सैनिक तैनात हैं.
सूचना प्रौद्योगिकी नियमों में बदलाव का प्रस्ताव: सरकार ने सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफार्म के दुरुपयोग को रोकने के लिए सूचना प्रौद्योगिकी नियमों में बदलाव का प्रस्ताव किया है. सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय से जारी संशोधनों के मसौदे में कहा गया है कि सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफार्म को सरकारी एजेंसियों की आवश्यकता पर सूचना के सही स्रोत की जानकारी देनी होगी. इस मुद्दे पर लोगों से 15 जनवरी तक सुझाव और प्रतिक्रिया मांगी गई है.

